भमोड़ी के शांति धारा वृद्धाश्रम में हुआ उपन्यास ‘‘पापा की पेंशन’’ का विमोचन
छिंदवाड़ा
20-May-26
छिंदवाड़ा/चाँदामेटा
चाँदामेटा के उभरते लेखक नटेश्वर कमलेश के नए सामाजिक उपन्यास ‘‘पापा की पेंशन’’ जो साहित्यग्राम प्रकाशन द्वारा प्रकाशित की गई का गरिमामयी विमोचन शांति धारा वृद्धाश्रम, भमोड़ी में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सिस्टर मेरी एवं पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती मीणा ताम्रकार उपस्थित रहीं, जिनके कर-कमलों द्वारा इस कृति को समाज के सामने लाया गया।
लेखक नटेश्वर कमलेश की यह दूसरी पुस्तक है। इससे पहले उनके उपन्यास ‘‘मिडिल क्लास’’ को भी पाठकों की भरपूर सराहना मिल चुकी है। अपने इस नए उपन्यास ‘‘पापा की पेंशन’’ में उन्होंने आज के दौर की एक बेहद संवेदनशील और गंभीर समस्या को छुआ है। यह कहानी बुजुर्गों के जीवन के कड़वे संघर्षों, आज की युवा पीढ़ी के बदलते नजरिये और आधुनिक समाज में बुजुर्गों के प्रति बढ़ती उपेक्षा का एक जीवंत और सजीव वर्णन करती है।
अंश सुनकर भावुक हुए बुजुर्ग
विमोचन कार्यक्रम के दौरान जब आश्रम में रह रहे बुजुर्गों को इस कहानी के कुछ चुनिंदा और मर्मस्पर्शी अंश पढ़कर सुनाए गए, तो वहाँ का माहौल बेहद भावुक हो गया। अपनी ही जिंदगी और संघर्षों से मेल खाती इस कहानी को सुनकर कई बुजुर्गों की आँखें नम हो गईं। इस अवसर पर मुख्य अतिथियों ने लेखक के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि आज के समय में ऐसी कहानियाँ समाज को आईना दिखाने और युवा पीढ़ी को अपने संस्कारों के प्रति जागरूक करने के लिए बेहद जरूरी हैं। कार्यक्रम में आश्रम के सभी आदरणीय बुजुर्ग, प्रबंधकीय स्टाफ और साहित्य प्रेमी उपस्थित रहे।