युवा विकसित भारत 2047 में अपना योगदान दे: बंटी विवेक साहू
खेल
27-Aug-26
पीजी कॉलेज में खेलो इंडिया संवाद कार्यक्रम का वर्चुअल आयोजन

छिंदवाड़ा
प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस पीजी कॉलेज छिंदवाड़ा में 27 अगस्त को खेल दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का खिलाड़ियों एवं युवाओं से संवाद कार्यक्रम खेलो इंडिया खेल की बात पीएम मोदी के साथ कार्यक्रम का आयोजन हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सांसद बंटी विवेक साहू ने युवाओं को प्रेरित करते हुए विकसित भारत 2047 में अपना योगदान देने का आह्वान किया और खिलाड़ियों के लिए उपलब्ध वर्तमान अवसर एवं संभावनाओं पर चर्चा की।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्चुअल उद्बोधन एवं संवाद कार्यक्रम को राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवको, माय भारत वॉलिंटियर्स, खिलाड़ियों एवं विद्यार्थियों ने ध्यान पूर्वक सुना। इसके बाद महाविद्यालय में अतिथियों एवं खिलाड़ियों का युवाओं से संवाद हुआ। उपस्थित जनप्रतिनिधि ने विद्यार्थियों एवं खिलाड़ियों से विकसित भारत में युवाओं के योगदान एवं खेल से संबंधित संवाद किया और प्रश्न पूछे।
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छिंदवाड़ा पांढुर्णा क्षेत्र के सांसद विवेक बंटी साहू उपस्थित हुए और खिलाड़ियों एवं युवाओं से संवाद किया, विशिष्ट अतिथि के रूप में छिंदवाड़ा नगर निगम के महापौर विक्रम अहके, अतिरिक्त कलेक्टर धीरेंद्र सिंह, स्पोर्ट्स पर्सन अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल खिलाड़ी विनीता नेटी एवं जबलपुर से आये नेशनल गोल्ड मेडलिस्ट कराटे खिलाड़ी क्षितिज सिंह, सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर अनुराग नामदेव विशेष रूप से उपस्थित हुए। यूथ आइकन चंचलेश साहू और भूमिका धुर्वे ने भारत में होने वाले आगामी खेल आयोजनों के संबंध में और खिलाड़ी के तौर पर तैयारियों के संबंध में संवाद किया ।
निर्धारित कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों का माय भारत में रजिस्ट्रेशन, इवेंट क्रिएशन, नशा मुक्ति शपथ एवं राष्ट्रगान भी कराया गया। कार्यक्रम का मंच संचालन डॉ टीकमणि पटवारी एवं राष्ट्रीय सेवा योजना के अधिकारी प्रोफेसर महेंद्र साहू, डॉ मंसाराम उईके और डॉक्टर निधि डोडानी ने किया। कार्यक्रम में प्रभारी प्राचार्य डॉ अनिल जैन, रजिस्ट्रार पी एस उईके, डॉ पी एन सनेसर सहित प्राध्यापकगण एवं श्रीमती सुषमा गवली जिला यूथ ऑफिसर माय भारत,खेल विभाग ,रासेयो टीम लीडर संकल्प विश्वकर्मा , रासेयो स्वयंसेवकों एवं समस्त प्राध्यापक एवं कर्मचारी गण का महत्वपूर्ण योगदान रहा।