सामरबोह के बायो रिसोर्स सेंटर के किसान से कलेक्टर ने ली जानकारी
कृषि जगत
05-Jun-26
प्राकृतिक खेती को बताया भविष्य की दिशा
छिन्दवाडा
कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने शुक्रवार को विकासखंड बिछुआ के ग्राम सामरबोह स्थित कृषक रामचरण राउत के बायो रिसोर्स सेंटर (बीआरसी) एवं प्राकृतिक खेती प्रक्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अग्रिम कुमार सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी भी उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान बताया गया कि कृषक श्री रामचरण राउत पिछले 6 से 8 वर्षों से लगभग 2.5 एकड़ क्षेत्र में प्राकृतिक खेती कर रहे हैं। उनके द्वारा लौकी, गिलकी, टमाटर, भिंडी, बरबटी (बीन्स), सोयाबीन तथा अंतरवर्ती फसल के रूप में हरी धनिया का उत्पादन किया जा रहा है। खेत में जीवामृत, घनजीवामृत, ट्राइकोडर्मा, स्यूडोमोनास, बेस्ट डी-कंपोजर, ब्रह्मास्त्र, बोर्डाे मिश्रण, बेवेरिया बेसियाना तथा बायोडाइजेस्टर यूनिट के माध्यम से जीवामृत तैयार किया जा रहा है। कृषक द्वारा प्राकृतिक खेती के लिए 8 से 10 देशी पशुओं का पालन भी किया जा रहा है तथा खेती के साथ फलदार वृक्ष लगाकर अतिरिक्त आय अर्जित की जा रही है। किसान श्री राउत ने बताया कि उनके द्वारा उत्पादित जैविक फसलों का विक्रय प्रत्येक शनिवार को गुरैया सब्जी मंडी, छिंदवाड़ा में आयोजित जैविक हाट बाजार में किया जाता है, जहां उन्हें उत्पादों के अच्छे दाम प्राप्त होते हैं।
कलेक्टर श्री नारायन ने कृषक के नवाचारों एवं प्राकृतिक खेती के प्रति समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि प्राकृतिक खेती वर्तमान समय की आवश्यकता है। इससे खेती की लागत कम होती है, मिट्टी की उर्वरता बनी रहती है और किसानों की आय में वृद्धि होती है। उन्होंने कृषक श्री राउत को आसपास के अन्य किसानों को भी प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करने की सलाह दी। निरीक्षण के दौरान एसडीएम चौरई श्री प्रभात मिश्रा, उप संचालक कृषि जितेंद्र कुमार सिंह, उप संचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग डॉ.एच.जी.एस.पक्षवार, उप संचालक उद्यानिकी एम.एल.उईके, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक आर.के.झाड़े, तहसीलदार सुश्री मोनिका विश्वकर्मा, वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारी अरविंद जावरे, बीटीएम आत्मा श्रीमती स्मिता पाटिल सहित कृषि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।