कमलनाथ ने गौशालाओं में फैली अव्यवस्थाओं को लेकर सीएम को लिखा पत्र
राजनीति
27-Jul-26
प्रदेश की सभी गौशालाओं में समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने का किया आग्रह

छिन्दवाड़ा
मप्र के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने गौशालाओं में फैली अव्यवस्थाओं और देखभाल के अभाव में दम तोड़ती गौमाता की सुरक्षा के लिए एक अति महत्वपूर्ण पत्र प्रदेश के मुख्यमंत्री को लिखा है। जिसमें उन्होंने छिन्दवाड़ा जिला मुख्यालय से लगे चन्दनगांव की आदर्श गौशाला में हुई गौमाता की मौत के आंकड़ों का भी गम्भीरतापूर्वक उल्लेख करते हुए प्रदेश की सम्पूर्ण गौशाला में गायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।
कमलनाथ जी ने अपने अर्द्धशासकीय पत्र क्रमांक 181 में उल्लेख किया कि छिन्दवाड़ा स्थित आदर्श गौशाला में अल्प अवधि के दौरान बड़ी संख्या में गौवंश की मृत्यु अत्यंत दुखद एवं चिंताजनक है। विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित जानकारी के अनुसार जुलाई माह के प्रारंभिक 19 दिनों में लगभग 43 गौवंश की मृत्यु हुई एवं एक माह के भीतर मृत गौवंश की संख्या 90 से अधिक पहुंच गई। इस दौरान गौशाला में पशु चिकित्सक तथा कर्मचारियों की भी नियमित उपस्थिति नहीं रही। यह अत्यंत गम्भीर विषय है, जो सम्पूर्ण मप्र में गौ-संरक्षण की व्यवस्थाओं पर गम्भीर प्रश्नचिन्ह लगाता है।
गौवंश भारतीय संस्कृति, आस्था एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था का अभिन्न अंग है। गौशालाओं की स्थापना गौवंश के संरक्षण एवं संर्वधन के उद्देश्य से की जाती है, किन्तु यदि उन्हीं गौशालाओं में पर्याप्त चारा, स्वच्छ पेयजल एवं समुचित उपचार के अभाव में गौवंश की मृत्यु हो रही है तो यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण, चिंतनीय व निंदनीय स्थिति है।
कमलनाथ जी ने अपने पत्र के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से आग्रह किया कि इस अत्यंत संवेदनशील विषय पर गम्भीरतापूर्वक विचार करते हुए आवश्यक एवं प्रभावी निर्णय लेकर गौवंश के संरक्षण के संबंध में उचित कार्रवाई हेतु आदेश प्रदान करें, ताकि भविष्य में गौमाता के प्रति इस प्रकार की दुखद एवं दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और प्रदेश की प्रत्येक गौशाला में समुचित देखभाल, उपचार तथा आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जा सके।