आउटसोर्स कर्मचारियों ने किया सीएमएचओ कार्यालय का घेराव
छिंदवाड़ा
12-Jun-26
7 दिन में 24 महीने का एरियर नहीं मिला तो करेंगे हडताल
छिंदवाड़ा
स्वास्थ्य विभाग के अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, उपस्वास्थ्य केंद्रों, मेडिकल कालेज के आउटसोर्स कर्मचारियों ने प्रदेश अध्यक्ष वासुदेव शर्मा के नेतृत्व में सीएमएचओ कार्यालय का घेराव किया। यहां से आउटसोर्स कर्मचारी कलेक्ट्रेट एवं सांसद कार्यालय पहुंचे जहां कलेक्टर एवं सांसद विवेक बंटी साहू को भी ज्ञापन देकर एरियर एवं वेतन के भुगतान की मांग की गई।
सरकार द्वारा तय वेतन का मिल रहा आधा
सीएमएचओ कार्यालय घेराव में उपस्थित कर्मचारियों को संबोधित करते हुए वासुदेव शर्मा ने बताया कि आउटसोर्स कर्मचारियों को अप्रैल 2024 से पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन के अनुसार वेतन मिलना है, जिले में न वेतन मिल रहा है और न ही एरियर दिया गया है। शर्मा ने कहा कि शासन द्वारा तय न्यूनतम वेतन 12,450 से 16,700 रूपए महीना है लेकिन मिल रहा है मात्र 7 से 9 हजार, इस तरह स्वास्थ्य विभाग के आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन से 5 से 7 हजार रूपए महीने की चोरी ठेकेदार एवं अधिकारी मिलकर कर रहे हैं।
7 दिनों में मांगे पूरी नहीं होने पर होगी हड़ताल
एरियर सहित पूरे वेतन का भुगतान नहीं करके कंपनी, अधिकारी मिलकर आउटसोर्स कर्मचारियों का करोडों रूपया डकार चुके हैं, जिसके खिलाफ अब एकजुट होकर निर्णायक संघर्ष करने की जरूरत है, यदि 7 दिन में मांगे पूरी नहीं हुई तब जिले के आउटसोर्स कर्मचारी हडताल पर जाने को मजबूर होंगे। अस्थाई, आउटसोर्स कर्मचारी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष वासुदेव शर्मा के नेतृत्व में किए गए सीएमएचओ कार्यालय के घेराव में मनोज सिसोदिया सौंसर, सिवानी वर्मा, शरद पंत, मनोज धुर्वे, आशीष राजपूत, श्रीकांत डेहरिया छिंदवाड़ा, अखिलेश कनोजिया तानिया, राजेश सोनी, इमरान खान, अरूण भलावी परासिया सहित सैकडों कर्मचारी शामिल रहे।
6 सूत्रीय ग्यापन देकर मांगा नियमितीकरण
सीएमएचओ कार्यालय घेराव के बाद 6 सूत्रीय मांगपत्र देकर कर्मचारियों को सीधे विभाग से वेतन भुगतान कर ठेका प्रथा समाप्त करने, अप्रैल 2024 से एरियर का तत्काल भुगतान विभाग द्वारा सीधे कर्मचारी के खाते में किया जाए! तीन महीने का बकाया वेतन विभाग सीधे कर्मचारी के खाते में भुगतान करे, अप्रैल 2024 से पुनरीक्षित न्यूनतम वेतन लागू है, इससे कम वेतन मिल रहा है, अप्रैल 2024 से पूरा न्यूनतम वेतन मय एरियर के दिलाया जाए!तीन वर्ष में होने वाले श्रेणी प्रमोशन की प्रक्रिया शुरू की जाए! निकाले गए आउटसोर्स कर्मचारियों को तत्काल काम पर वापस लिए जाने जैसी मांगें शामिल हैं।