Home News Business Offers Classified Jobs About Contact

जिले में आतंक मचा रहे भू माफिया और अपराधी: कांग्रेस

जिले में आतंक मचा रहे भू माफिया और अपराधी: कांग्रेस
राजनीति
12-Jun-26
आदिवासी और अनुसूचित जाति वर्ग की जमीनों को कौड़ियों के दाम खरीदने का चल रहा खेल

छिन्दवाड़ा

शहर कांग्रेस कमेटी ने कोतवाली पुलिस थाना पहुंचकर पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन प्रस्तुत किया। ज्ञापन में उल्लेख किया कि  कुण्डीपुरा थाना क्षेत्र के मेघासिवनी बायपास पर हुए विवाद की निष्पक्ष जांच। सत्ता से संरक्षण प्राप्त गुंडे जिलेभर में सक्रिय रूप से भूमि कब्जाने का काम कर रहे। विगत दो वर्षों से जिले में भू माफियाओं का आतंक इस कदर बढ़ चुका है। अनुसूचित जाति परिवार की जमीन को कौड़ियों के दाम पर खरीदना चाहते हैं और यह सिलसिला सतत रूप से जारी है। अगर किसी आदिवासी अथवा एससी भाई ने जमीन बेचने से मना कर दिया तो उनकी जमीन पर गुंडागर्दी करते हुए कब्जा किया जा रहा। इसका प्रत्यक्ष प्रमाण मेघासिवनी का विवाद है जिसमें एक एससी परिवार के लोगों पर जानलेवा हमला हुआ है।

इस विवाद में पीड़ित पक्ष की ओर से सीधे और खुले तौर पर सांसद के ऊपर आरोप लगाया है इसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा। सांसद के द्वारा दिखावे के लिए पुलिस थाना में अपराध दर्ज कराया और यह आरोप लगाया कि कांग्रेस उनकी छवि धुमिल करने का प्रयास कर रही, किन्तु सच्चाई जग जाहिर है कि कांग्रेस ने कभी धुमिल छवि को और धुमिल करने या फिर किसी अन्य कि भी छवि को धुमिल करने का कोई प्रयास नहीं किया। जिले की जनता जानती है कि कांग्रेस ने हमेशा ही आदिवासी भाइयों की जमीन खरीद फरोख्त का विरोध किया है और आज भी कर रही है, आगे भी शोषित और पीड़ित वर्ग की समस्याओं के लिए कांग्रेस खड़ी रहेगी। विपक्ष का दायित्व है कि वह जनता की आवाज बनकर उनकी समस्याओं और परेशानियों को उठाए, लेकिन कुछ तथाकथित भाजपाई नेता यह चाहते हैं कि कांग्रेस चुप्पी साध लें और जिला अपराधों का गढ़ बन जाए।

पीड़ित परिवार पर हमला करने और उनकी जमीन को हथियाने का प्रयास करने वाले कौन थे इसकी जानकारी कांग्रेस को नहीं थीं, लेकिन सांसद ने पुलिस थाना में उस व्यक्ति के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कराया जिसने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर यह कहा कि भाजपा सांसद के संरक्षण प्राप्त लोगों ने जमीन पर कब्जा करने का प्रयास किया, विरोध करने पर जानलेवा हमला किया। इस बात की पुष्टि सांसद के द्वारा पुलिस थाना में दर्ज कराई गई एफआइआर से भी हुई है। लेकिन सांसद ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि उनके नाम का दुरुपयोग कर रहे तो यह स्पष्ट करना चाहते हैं तो कांग्रेस खुले तौर पर यह स्पष्ट करना चाहती है कि कांग्रेस को ऐसा करने की आवश्यकता नहीं है। भाजपा सांसद के लोगों ने गुंडागर्दी की इस बात की पुष्टि सोशल मीडिया पर जारी वीडियो से हो रही है। सांसद ने पीड़ित की बजाए हमलावरों पर अपराध दर्ज कराने के साथ ही ठोस कार्रवाई की मांग करनी थी, जो उन्होंने नहीं की, इससे साफ होता है कि वे उनके संरक्षण प्राप्त लोग थे।

कांग्रेस ने ज्ञापन के अंत में विनम्रतापूर्वक आग्रह किया है कि सत्ता से संरक्षण प्राप्त भू माफियाओं के आतंक से जिले को मुक्त कराएं साथ ही मेघासिवनी में विवाद में घायल हुए परिवार को पुलिस सुरक्षा और तत्काल मुआवजा प्रदान किया जाए साथ ही हमलावरों की तत्काल गिरफ्तारी कर ठोस कार्रवाई की जाए। इस मामले में अगर पुलिस ने सांसद के दबाव में आकर हमलावरों को संरक्षण दिया तो कांग्रेस उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होगी जिसकी सम्पूर्ण जवाबदेही शासन और प्रशासन की होगी।

ज्ञापन प्रस्तुत करते समय विश्वनाथ ओकटे, गंगाप्रसाद तिवारी, गोविंद राय, सुरेश कपाले, गुरूचरण खरे, पप्पू यादव, नितिन उपाध्याय, धर्मेन्द्र सोनू मागो सहित कांग्रेस के समस्त विभाग, प्रकोष्ठ, अनुसांगिक संगठन के पदाधिकारीगण व कार्यकर्तागण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।  
Share News On