आजादी लाखों स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान का परिणाम: यादव
राजनीति
12-Aug-26
कांग्रेस ने लाखों बलिदानियों के साथ किया अन्याय

छिंदवाड़ा
कांग्रेस के संगठन सृजन अभियान के दौरान लगाए गए आरोपों पर पलटवार करते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष शेषराव यादव ने कहा कि कांग्रेस को इतिहास के चुनिंदा पन्ने पढ़ाने के बजाय इतिहास का पूरा सच देश की जनता के सामने रखना चाहिए। भाजपा जिलाध्यक्ष शेषराव यादव ने कहा कि देश की आजादी किसी एक राजनीतिक दल की जागीर नहीं है, बल्कि असंख्य स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, क्रांतिकारियों, वीर माताओं, युवाओं और देशवासियों के त्याग, तपस्या और बलिदान का परिणाम है। कांग्रेस आजादी का पूरा श्रेय स्वयं लेकर उन लाखों स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के योगदान का लगातार अपमान करती है, जिन्होंने देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। जिन वीरों ने जेल की यातनाएं सही, परिवार और संपत्ति तक का त्याग किया तथा राष्ट्र की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों की आहुति दी, उनके बलिदान को किसी एक राजनीतिक दल की उपलब्धि बताना उनका अपमान है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस आजादी का श्रेय लेकर अपने राजनीतिक इतिहास को गौरवशाली बताने का प्रयास करती है, लेकिन इतिहास के उन कड़वे अध्यायों को भी याद करना चाहिए, जिनकी पीड़ा आज भी करोड़ों भारतीयों की स्मृतियों में जीवित है। सत्ता प्राप्ति की राजनीति के चलते देश का विभाजन हुआ और इस विभाजन की सबसे बड़ी कीमत देश की बहन-बेटियों, माताओं और परिवारों को चुकानी पड़ी।
भाजपा जिलाध्यक्ष शेषराव यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज देश अपने गौरवशाली इतिहास, स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाले प्रत्येक महानायक के सम्मान को नई मजबूती के साथ आगे बढ़ा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने देश की स्वतंत्रता के लिए बलिदान देने वाले ज्ञात-अज्ञात वीरों के योगदान को जन-जन तक पहुंचाने और नई पीढ़ी को राष्ट्र के इतिहास से जोड़ने का कार्य किया है। आजादी का अमृत महोत्सव हो या स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों का स्मरण, केंद्र सरकार ने राष्ट्र के गौरव और विरासत को जनभागीदारी से जोड़ने का प्रयास किया है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार भी प्रदेश के वीर स्वतंत्रता सेनानियों, जननायकों और गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मध्यप्रदेश की धरती ने स्वतंत्रता आंदोलन और राष्ट्र निर्माण में अनेक वीरों को जन्म दिया है और उनकी गौरवगाथा को नई पीढ़ी तक पहुंचाना हमारी जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि देश को अतीत की गलतियों से सबक लेकर आगे बढ़ना है। आवश्यकता इतिहास पर राजनीतिक श्रेय लेने की नहीं, बल्कि राष्ट्र की एकता, अखंडता, सामाजिक समरसता और विकसित भारत के संकल्प को मजबूत करने की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश ‘विरासत का सम्मान और विकास की गति’ के साथ आगे बढ़ रहा है। लोकतंत्र में अंतिम फैसला जनता का होता है और जनता अब राष्ट्र प्रथम की भावना से देश को मजबूत होते हुए देख रही है।