चंदनगांव में बिना अनुमति भूखंड काटने पर कॉलोनी अवैध घोषित
छिंदवाड़ा
03-Nov-26
नगर निगम द्वारा एफआईआर कराने के निर्देश

छिंदवाड़ा अपडेट
नगर पालिक निगम छिंदवाड़ा सीमांतर्गत बिना सक्षम स्वीकृति, कॉलोनाइजर लाइसेंस एवं रेरा पंजीकरण के अवैध रूप से भूखंड काटकर बेचने वाले अनाधिकृत कॉलोनाइजरों के विरुद्ध निगम प्रशासन द्वारा कड़ी कानूनी एवं दंडात्मक कार्रवाई निरंतर जारी है। नगर निगम आयुक्त सी.पी. राय के आदेशानुसार म.प्र. नगरपालिका (कॉलोनी विकास) नियम 2021 के तहत मौजा चंदनगांव स्थित कॉलोनी को आधिकारिक रूप से अनाधिकृत/अवैध कॉलोनी घोषित कर दिया गया है।
भूमि स्वामी श्रीमती अनिता (पति श्री तानू, निवासी हाल/मुकाम चंदनगांव, छिंदवाड़ा) द्वारा नगर पालिक निगम सीमा क्षेत्र के मौजा चंदनगांव स्थित खसरा नंबर 1065/1/1/1/1 (रकबा 0.4420 हेक्टेयर) भूमि पर बिना भूमि व्यपवर्तन (डायवर्जन), बिना कॉलोनाइजर लाइसेंस, बिना कॉलोनी विकास की अनुमति एवं बिना रेरा में पंजीयन कराए अपने स्वामित्व की भूमि को छोटे-छोटे भूखंडों में विभक्त कर अनाधिकृत रूप से कॉलोनी का निर्माण किया गया और भूखंडों का विक्रय किया गया।
राजस्व निरीक्षक मंडल एवं संबंधित हलका पटवारी के गठित संयुक्त दल द्वारा मौका स्थल की जांच कर प्रतिवेदन एवं पंचनामा प्रस्तुत किया गया। जांच रिपोर्ट के अनुसार श्रीमती अनिता द्वारा उक्त भूमि को छोटे-छोटे भूखंडों में विभक्त कर अवैध कॉलोनी का निर्माण कर बेचा गया है, जो म.प्र. नगरपालिका (कॉलोनी विकास नियम 2021) का स्पष्ट उल्लंघन है। इस संबंध में संबंधित भू-स्वामी को जारी किए गए नोटिस के जवाब को विधिसम्मत न होने के कारण अमान्य कर दिया गया।
निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया कि म.प्र. नगरपालिका के अनाधिकृत कॉलोनियों के विरुद्ध कार्रवाई अंतर्गत दोषी व्यक्तियों पर अधिनियम के सुसंगत प्रावधानों के तहत दांडिक कार्रवाई हेतु संबंधित पुलिस थाने में प्राथमिकी (थ्प्त्) दर्ज कराने का स्पष्ट प्रावधान है। इसी आधार पर उक्त भूमि पर विकसित कॉलोनी को अवैध घोषित करते हुए एफआईआर की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
नगर निगम प्रशासन ने शहर के नागरिकों से पुनः अपील की है कि वे अपनी मेहनत की पूंजी लगाने से पूर्व यह सुनिश्चित कर लें कि संबंधित कॉलोनी नगर निगम एवं रेरा से पूर्णतः स्वीकृत है या नहीं। बिना टीएंडसीपी नक्शा पास, डायवर्जन एवं रेरा पंजीयन वाली अवैध कॉलोनियों में भूखंड क्रय न करें। अवैध कॉलोनाइजरों के खिलाफ नगर निगम का यह सख्त अभियान आगे भी जारी रहेगा।