भाजपा नेता ने कहा डीएपी और यूरिया का फर्क नहीं जानते नकुलनाथ
छिंदवाड़ा
13-May-26
जो कभी खेत की मेढ़ पर नहीं पहुंचे, वो किसानों को खेती सिखा रहे हैं: शैलेन्द्र रघुवंशी
छिंदवाड़ा
भाजपा किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष शैलेन्द्र रघुवंशी ने पूर्व सांसद नकुलनाथ के बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस नेताओं को किसानों की चिंता कम और राजनीतिक अवसरवाद अधिक सताता है। जिन लोगों ने दशकों तक किसानों को केवल वोट बैंक समझा, वे आज किसान हितैषी बनने का नाटक कर रहे हैं।
नकुलनाथ कभी खेत में खड़े भी नहीं हुए
श्री रघुवंशी ने कहा कि नकुलनाथ बताएं कि उन्हें खेती-किसानी का कितना अनुभव है? क्या वे यह बता सकते हैं कि किस सीजन में कौन सी फसल लगाई जाती है और किस फसल में कौन सा खाद डाला जाता है? क्या वे डीएपी, एनपीके और यूरिया में अंतर बता सकते हैं? जो व्यक्ति कभी खेत की मेढ़ पर खड़ा नहीं हुआ, जिसने धूप में किसान की मेहनत नहीं देखी, वह आज किसानों के दर्द की बात कर रहा है। किसानों की समस्याओं को समझने के लिए जमीन से जुड़ना पड़ता है, एयर कंडीशन कमरों में बैठकर बयान देने से खेती और किसानों की पीड़ा नहीं समझी जा सकती।
किसानों के बीच भ्रम और असंतोष फैलाने का प्रयास
भाजपा किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस का यह बयान किसानों के हितों की चिंता से अधिक भ्रम और असंतोष फैलाने का प्रयास प्रतीत होता है। जिस दल ने वर्षों तक किसानों को अव्यवस्थित मंडियों, बिचौलियों और भ्रष्ट तंत्र के भरोसे छोड़ दिया, वह आज पारदर्शी खरीदी व्यवस्था पर प्रश्न खड़े कर रहा है। भाजपा सरकार ने समर्थन मूल्य पर रिकॉर्ड गेहूं खरीदी, डिजिटल पंजीयन, स्लॉट प्रणाली और सीधे भुगतान जैसी व्यवस्थाओं के माध्यम से कृषि तंत्र को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और किसान-केंद्रित बनाने का कार्य किया है।
तकनीकी त्रुटियां असामान्य नहीं है
उन्होंने कहा कि इतने व्यापक स्तर पर संचालित खरीदी प्रक्रिया में कहीं-कहीं तकनीकी अथवा प्रक्रियागत चुनौतियां सामने आना असामान्य नहीं है, किंतु सरकार निरंतर सुधार और समाधान की दिशा में सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि कांग्रेस हर प्रशासनिक चुनौती को राजनीतिक असंतोष में बदलने का प्रयास करती है, जबकि उसके शासनकाल में किसान अपनी उपज का उचित मूल्य पाने, समय पर भुगतान प्राप्त करने और मूलभूत सुविधाओं के लिए वर्षों तक संघर्ष करता रहा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को यह भी बताना चाहिए कि उनके शासनकाल में किसानों को खाद के लिए लंबी कतारों में क्यों खड़ा होना पड़ता था और सिंचाई व बिजली की बदहाल व्यवस्था के कारण किसान परेशान क्यों रहते थे। भाजपा सरकार ने किसानों के लिए योजनाओं का विस्तार किया है, जबकि कांग्रेस ने केवल वादे और भाषण दिए।
खरीदी केंद्रों पर भाजपा नेता कर रही स्वयं निगरानी
श्री रघुवंशी ने कहा कि भाजपा किसान मोर्चा एवं भाजपा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता स्वयं गेहूं खरीदी केंद्रों पर पहुंचकर किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसकी व्यवस्था बनाने में जुटे हुए हैं। भाजपा कार्यकर्ता किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं, कांग्रेस नेताओं की तरह एसी कमरों में बैठकर केवल बयानबाजी नहीं कर रहे। श्री रघुवंशी ने कहा कि छिंदवाड़ा की जनता अब कांग्रेस की बयानबाजी और दिखावटी किसान प्रेम को भलीभांति समझ चुकी है। किसान आज विकास, पारदर्शिता और ईमानदार नीयत के साथ खड़ा है और यही कारण है कि कांग्रेस जनता का विश्वास खो चुकी है।