70 स्वयंसेवकों को मिला आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण
छिंदवाड़ा
04-Jul-26
दूसरे बैच के लिए 4 से 6 जुलाई तक होंगे पंजीयन
छिंदवाड़ा

जिले में प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के दौरान त्वरित राहत एवं बचाव कार्य को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से सिविल डिफेंस वालेंटियर्स का सात दिवसीय आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण स्थानीय होमगार्ड परिसर में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। प्रशिक्षण के समापन अवसर पर जिला होमगार्ड कमांडेंट स्नेहलता पाठ्या ने प्रशिक्षित स्वयंसेवकों को प्रमाण-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
समापन समारोह को संबोधित करते हुए जिला होमगार्ड कमांडेंट स्नेहलता पाठ्या ने कहा कि आपदा के समय प्रशिक्षित सिविल डिफेंस वालेंटियर्स एसडीईआरएफ के साथ समन्वय बनाकर राहत एवं बचाव कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रशिक्षित स्वयंसेवक आपात परिस्थितियों में जन-धन की हानि को कम करने में प्रशासन के सहयोगी बनेंगे।
सिविल डिफेंस के सब डिवीजन वार्डन श्यामल राव ने बताया कि प्रशिक्षण के प्रथम बैच में एनएसएस स्वयंसेवकों एवं समाजसेवियों सहित 70 वालेंटियर्स ने भाग लिया। अब दूसरे बैच में 80 स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए 4 से 6 जुलाई तक स्थानीय होमगार्ड कार्यालय में पंजीयन किए जाएंगे। इच्छुक समाजसेवी निर्धारित तिथियों में अपना पंजीयन करा सकते हैं।
पीसी गणेश धुर्वे ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को बिजली गिरने, सर्पदंश, बाढ़, आग, भूकंप, भवन ध्वस्त होने जैसी आपदाओं में बचाव एवं राहत कार्य, प्राथमिक उपचार, सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) तथा आपदा प्रबंधन में उपयोग होने वाले आधुनिक उपकरणों के संचालन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
इस अवसर पर वालेंटियर्स अश्वनी धुर्वे, भूमिका धुर्वे, राजनंदनी उईके, निदा अंसारी, संकल्प विश्वकर्मा सहित अन्य प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण के अनुभव साझा करते हुए इसे उपयोगी और प्रेरणादायक बताया।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रशिक्षित वालेंटियर्स को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। प्रशिक्षण को सफल बनाने में मेजर सिगोतिया तथा एसडीईआरएफ के सैनिक सुमित शर्मा, दीपेंद्र वरकड़े, सचिन विश्वकर्मा, अंकित पांडे, राजा मर्सकोले, प्रवीण धुर्वे और स्पर्श यादव का विशेष योगदान रहा।