फर्जी यूनिवर्सिटी का फैल रहा जाल, संभल कर करें एडमिशन
छिंदवाड़ा
20-Feb-26
छोटे शहरों और गांवों के युवाओं पर नजर, लुभावने विज्ञापनों की करें जांच
छिंदवाड़ा
ये खबर 10 वीं-12 वीं के विद्यार्थी और उनके माता-पिता जरूर पढ़े क्योंकि फर्जी यूनिवर्सिटी के लुभावने विज्ञापन जगह-जगह दिखाई देने लगे हैं जिनमें बच्चों के उज्जवल भविष्य के बड़े-बड़े दावे होंगे। हाल ही में परासिया में ऐसे ही एक फर्जी यूनिवर्सिटी का खुलासा हुआ है। किसी भी यूनिवर्सिटी में प्रवेश लेने के पहले यह जांच जरूर कर लें कि जिस यूनिवर्सिटी में आप प्रवेश ले रहे हैं कहीं वह फर्जी तो नहीं है। ऐसी फर्जी यूनिवर्सिटी के एजेंट भी स्कूलों और कोचिंग क्लासों के चक्कर काट रहे हैं ताकि अधिक से अधिक बच्चों को प्रभावित कर उनका प्रवेश कराया जा सके। देश की राजधानी से शुरू हुआ फर्जी यूनिवर्सिटी का यह खेल प्रदेश और छोटे-छोटे शहरों व गांवों तक पहुंच चुका है। उज्जवल भविष्य का सपना दिखाकर इन यूनिवर्सिटी के एजेंट आपसे मोटी रकम ऐंठ सकते हैं अतः जागरूकता इसी में है कि किसी की भी बातों में न आकर पहले अपने स्तर पर जांच-पड़ताल अवश्य कर लें ताकि बाद में पछताना न पड़ें।
गांव-गांव तक फैला चुके जाल
फर्जी विश्वविद्यालय गांव-गांव तक अपना जाल फैला चुके हैं और हर साल हजारों छात्रों को शिकार बना रहे हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि 32 फर्जी विश्वविद्यालयों में से 12 तो केवल देश की राजधानी दिल्ली में हैं, जिनमें से कुछ यूजीसी से कुछ मीटर की दूरी पर ही चल रहे हैं। वहीं, पिछले दो सालों में फर्जी विश्वविद्यालयों की संख्या भी 20 से बढ़कर 32 तक पहुंच गई है। जिन नए राज्यों में फर्जी विश्वविद्यालयों खुले हैं, उनमें हरियाणा, राजस्थान, झारखंड और अरुणाचल प्रदेश आदि शामिल हैं।
यूजीसी ने किया अलर्ट
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी ) ने फर्जी विश्वविद्यालयों के फैलते जाल के बीच छात्रों और अभिभावकों को ऐसे संस्थानों से सतर्क रहने की सलाह दी है। यूजीसी ने कहा, ऐसे फर्जी विश्वविद्यालयों में भूलकर भी प्रवेश न लें।
फर्जी विश्वविद्यालय, देखें लिस्ट
- ऑल इंडिया इस्टीट्यूट आफ पब्लिक एंड फिजिकल हेल्थ साइंस
- कर्मशियल यूनिवर्सिटी लिमिटेड
- यूनाइटेड नेशन्स यूनिवर्सिटी
- एडीआर सेंट्रिक ज्यूरिडिकल यूनिवर्सिटी
- इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड इंजीनियरिंग
- विश्वकर्मा ओपन यूनिवर्सिटी फार सेल्फ एम्प्लॉयमेंट
- अध्यात्मिक विश्वविद्यालय
- वर्ल्ड पीस आफ यूनाइटेड नेशनल यूनिवर्सिटी
- इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड इंजीनियरिंग
- माउंटेन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट
- टेक्नोलॉजी व नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट सॉल्यूशन
- वोकेशनल यूनिवर्सिटी
फर्जी विश्वविद्यालय की जांच करने के मुख्य तरीके:
फर्जी यूनिवर्सिटी (Fake University) की पहचान करने के लिए सबसे पहले UGC की आधिकारिक वेबसाइट (ugc.gov.in) पर जाकर उनकी नवीनतम "Fake Universities List" देखें। यह सूची राज्य-वार होती है और इससे आप आसानी से पता कर सकते हैं कि विश्वविद्यालय मान्य है या फर्जी। इसके अलावा, वेबसाइट की .ac.in डोमेन जांचें, NAAC ग्रेड देखें, और एडमिशन के समय अत्यधिक कम फीस व 100% जॉब प्लेसमेंट के झांसे से बचें।
- UGC लिस्ट चेक करें: UGC की आधिकारिक वेबसाइट (ugc.gov.in) पर जाकर 'University' टैब के अंदर 'Fake Universities' की सूची को हमेशा चेक करें।
- मान्यता (Accreditation) जांचें: विश्वविद्यालय को 1956 के यूजीसी अधिनियम के तहत मान्यता प्राप्त होनी चाहिए।
- वेबसाइट की जांच: असली यूनिवर्सिटी की वेबसाइट के अंत में .edu.in या .ac.in होता है।
- AICTE/NAAC मान्यता: तकनीकी शिक्षा के लिए AICTE और शैक्षणिक गुणवत्ता के लिए NAAC ग्रेड (A++, A+, आदि) की जांच अवश्य करें।
- कैंपस का भौतिक सत्यापन : यूनिवर्सिटी की लोकेशन पर जाकर कैंपस का भौतिक सत्यापन (Physical Verification) करें।
- फीस जमा करने का तरीका: अगर फीस सीधे किसी व्यक्ति के अकाउंट या कैश में मांगी जा रही है, तो यह फर्जी हो सकती है।
- दस्तावेजों में गलती: प्रोस्पेक्टस या वेबसाइट पर शब्दों की गलतियां या अधूरा विवरण होने पर अलर्ट हो जाएं।