Home News Business Offers Classified Jobs About Contact

जलवायु अनुकूल खेती से बढ़ेगी किसानों की आय

जलवायु अनुकूल खेती से बढ़ेगी किसानों की आय
कृषि जगत
24-Jun-26
तामिया में जलवायु अनुकूल खेती की अपार संभावनाएं  वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. श्रीवास्तव

छिन्दवाडा 

जनपद पंचायत तामिया एवं कृषि विज्ञान केंद्र, देलाखारी के सहयोग से जनपद पंचायत सभाकक्ष, तामिया में जलवायु अनुकूल विषयक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में प्रतापगढ़ बादला, उमरिया, कुर्सीढाना, बेलखेड़ी, मरकाढाना, खुलसान, भैंसमुंडा सहित विभिन्न गांवों के किसानों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए कृषि विज्ञान केंद्र के प्रमुख एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. डी.सी. श्रीवास्तव ने कहा कि तामिया क्षेत्र में जलवायु अनुकूल खेती की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने बताया कि मोटे अनाजों के उत्पादन एवं प्रसंस्करण (प्रोसेसिंग) से किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि की जा सकती है। डॉ. श्रीवास्तव ने किसानों को फसलों का मूल्य संवर्धन करने के उपाय बताते हुए खेतों की मेड़ों पर गेंदा एवं चिया की खेती करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि चिया के बीज की बाजार में अच्छी मांग और कीमत मिलती है। साथ ही जल की कमी वाले क्षेत्रों में कोदो, कुटकी, ज्वार एवं बाजरा जैसी फसलों के उत्पादन को बढ़ावा देने तथा मसाला प्रसंस्करण एवं बांस से अचार जैसे मूल्य संवर्धित उत्पाद तैयार करने के लिए प्रेरित किया।

जमस के निदेशक महेन्द्र खरे ने पंचायत प्रतिनिधियों, ग्राम सहयोगी समूहों, जलवायु मित्रों एवं वीसीआरपी की ग्राम जलवायु अनुकूल योजना में सक्रिय भागीदारी की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि सामूहिक सहभागिता से तैयार की गई योजनाएं ही स्थायी एवं सफल होती हैं।

कार्यशाला में कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. राकेश मेश्राम, जनपद पंचायत के लेखाधिकारी असलम खान, पंचायत इंस्पेक्टर श्री भलावी, पशुपालन विभाग से डॉ. प्रियंका मर्सकोले, आजीविका विभाग से देवेंद्र बरडे तथा स्वास्थ्य विभाग के बीसीएम ज्ञानदास मिनोटे उपस्थित थे। कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ.मेश्राम ने किसानों को किसान सारथी ऐप की उपयोगिता एवं उसके लाभों की जानकारी दी। वहीं डॉ. प्रियंका मर्सकोले ने कड़कनाथ मुर्गी पालन एवं शासन की संबंधित योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। आजीविका विभाग द्वारा स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से शहद खरीदी, धनिया एवं मिर्च की पैकिंग तथा बैंकों द्वारा उपलब्ध कम ब्याज ऋण योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का आभार प्रदर्शन श्री पंकज कनौजिया ने किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में अखिलेश कोटरवंशी, सुभाष मिनोट, देवी वानवंशी एवं मनोज उइके की सक्रिय भूमिका रही।
Share News On