राजनीतिक दुर्भावना के चलते छिन्दवाड़ा को नहीं किया सूखाग्रस्त घोषित
राजनीति
29-Oct-26
किसान कांग्रेस ने दी आंदोलन की चेतावनी

छिन्दवाड़ा अपडेट
जिला किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष चौधरी पुष्पेन्द्र सिंह ने शासन द्वारा छिन्दवाड़ा जिले को सूखाग्रस्त घोषित नहीं किए जाने पर राज्य की भाजपा सरकार पर राजनीतिक दुर्भावना का आरोप लगाया है। यह किसानों के साथ अन्याय और भेदभाव है। उन्होंने प्रशासन पर आरोप लगाय कि कई तहसीलों में बहुत ही कम वर्षा हुई है, इसके चलते किसान रबी सीजन की बोवनी भी नहीं कर पा रहे।
किसानों के पास सिंचाई का कोई साधन नहीं है। अधिकांश तालाब व कुएं खाली पड़े हैं। जल स्तर बिल्कुल नहीं है। जिला कांग्रेस और किसान कांग्रेस द्वारा छिन्दवाड़ा को सूखाग्रस्त घोषित करने के लिए शासन व प्रशासन को धरना प्रदर्शन व ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया गया है। किसान हित में सतत रूप से यह मांग की जा रही है कि जिले को सूखाग्रस्त घोषित कर किसानों को तत्काल राहत राशि प्रदान करें। किन्तु शासन व प्रशासन का इस ओर ध्यान नहीं है ना ही भाजपा सरकार किसान हित में निर्णय ले रही है। श्री चौधरी ने चेतावनी दी अगर जल्द ही छिन्दवाड़ा जिले को सूखाग्रस्त घोषित नहीं किया गया तो मप्र के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ एवं जिले के पूर्व सांसद नकुलनाथ व प्रदेश किसान कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेन्द्र सिंह चौहान के मार्गदर्शन व जिला कांग्रेस अध्यक्ष विश्वनाथ ओकटे के नेतृत्व में व्यापक धरना, आंदोलन व प्रदर्शन किया जाएगा। जिसकी सम्पूर्ण जवाबदेही शासन व प्रशासन की होगी।