सांसद ने मांगी खनिज अधिकारी से संशोधित नियमों व प्रावधानों की जानकारी
छिंदवाड़ा
19-May-26
कलेक्टर कार्यालय में जिला खनिज प्रतिष्ठान न्यास मण्डल बैठक में शामिल हुए सांसद
छिन्दवाड़ा
सांसद बंटी विवेक साहू की प्रमुख उपस्थिति मंे जिला खनिज प्रतिष्ठान न्यास मण्डल की बैठक कलेक्टर कार्यालय छिंदवाड़ा के सभाकक्ष में संपन्न हुई। बैठक में मध्यप्रदेश जिला खनिज प्रतिष्ठान नियम 2016 में संशोधन 14 मई 2026 में संशोधित नियमों/प्रावधानों के संबंध में उपस्थित सदस्यगणों को अवगत कराया गया। साथ ही जिला खनिज प्रतिष्ठान के अंतर्गत पूर्व स्वीकृत कार्यों की वस्तुस्थिति, जिला खनिज प्रतिष्ठान मद में उपलब्ध राशि तथा वर्ष 2026-27 के लिये प्रतिष्ठान की कार्ययोजना के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। बैठक में सांसद बंटी विवेक साहू ने खनिज अधिकारी को संशोधित नियमों व प्रावधानों की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिये है।
बैठक में उपस्थित सदस्यों द्वारा संशोधित नियमों में प्रावधानित अक्षय निधि, प्रभावित क्षेत्र, प्रभावित व्यक्ति/समुदाय, उच्च प्राथमिकता क्षेत्र, अन्य प्राथमिकता क्षेत्र, निधि के उपयोग की प्रक्रिया, शिकायत निवारण प्रकोष्ठ तथा कार्यपालिका समिति द्वारा तैयार कार्ययोजना वर्ष 2026-27 आदि उपरोक्तानुसार विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। इसके बावत् संशोधित नियम/प्रावधान के अनुसार कार्यवाही किए जाने की दिशा में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।
संशोधित नियमों में प्रावधान की दी जानकारी
जिला खनिज प्रतिष्ठान न्यास मण्डल की बैठक में संशोधित नियमों में प्रावधान की विस्तार से जानकारी दी गई। जिसमें पांच वर्षीय भावी कार्ययोजना तैयार करना एवं प्रभावित व्यक्तियों/समुदाय की सूची तैयार करना एवं अद्यतिकरण करना, वार्षिक कार्ययोजना तैयार किया जाना। प्रत्यक्ष प्रभावित क्षेत्र खदान अथवा खदान समूह के 15 किलोमीटर का परिधि क्षेत्र होना, अप्रत्यक्ष प्रभावित क्षेत्र खदान अथवा खदान समूह के 25 किलोमीटर का परिधि क्षेत्र होना। खनन प्रभावित व्यक्ति जिनके पास खनन की जा रही भूमि पर कानूनी और व्यावसायिक अधिकार हो, जिनके पास उपयोग और पारम्परिक अधिकार हो और जिनकी अजीविका खनन के कारण प्रभावित हुई हो।
बैठक में बताया गया कि उच्च प्राथमिकता क्षेत्रों में आवास, कृषि एवं पशुपालन क्षेत्र को जोडा जाना तथा उच्च प्राथमिकता क्षेत्र में 70 प्रतिशत निधि एवं अन्य प्राथमिकता क्षेत्र में 30 प्रतिशत निधि का उपयोग किया जाना तथा 70 प्रतिशत राशि का उपयोग प्रत्यक्ष प्रभावित क्षेत्र में किया जाना। जिला खनिज प्रतिष्ठान की योजनाएं/परियोजनाएं केन्द्र/राज्य सरकार की विकास एवं कल्या्णकारी योजनाओं के पूरक प्रकृति की होना। जिला खनिज प्रतिष्ठान निधि की 10 प्रतिशत राशि अक्षय निधि के रूप में बंद खदान क्षेत्र अंतर्गत प्रावधान अनुसार सृजन एवं अनवरत जीवनयापन के लिये संधारण करना। निधि के उपयोग की प्रक्रिया अंतर्गत ऑनलाईन/पोर्टल पर दर्ज/अभिमत प्राप्त किये जाने के प्रावधान होना।
बैठक में बताया गया कि जिला खनिज प्रतिष्ठान के लेखों का ऑडिट भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक द्वारा सूचीबद्ध चार्टड अकांटेड से कराया जाना। शिकायत निवारण प्रकोष्ठ का प्रावधान एवं शिकायत का जबाव 30 दिवस में दिया जाना। कार्याे की स्वीकृति का निलंबन एवं निलंबन वापस लिया जाने के प्रावधान। खनिज प्रतिष्ठान अंतर्गत कार्याे की स्वीकृति प्रावधानित प्रक्रिया उपरांत कलेक्टर/अध्यक्ष द्वारा जारी की जाना। प्रतिष्ठान अंतर्गत स्वीकृत कार्याे हेतु भुगतान केवल इलेक्ट्रानिक माध्यम से किया जाना, आदि की जानकारी दी गई।
बैठक में यह रहे प्रमुख रूप से उपस्थित
बैठक में कलेक्टर एवं अध्यक्ष जिला खनिज प्रतिष्ठान न्यास मण्डल के अध्यक्ष हरेंद्र नारायन, नगर पालिक निगम महापौर विक्रम अहके, विधायक अमरवाड़ा कमलेश प्रताप शाह, विधायक चौरई चौधरी सुजीत मेरसिंह, विधायक परासिया सोहनलाल बाल्मीक, विधायक जुन्नारदेव सुनील उइके, विधायक छिन्दवाड़ा के प्रतिनिधि गंगा प्रसाद तिवारी, जिला पंचायत अध्यक्ष संजय पुन्हार, नगरपालिका दमुआ अध्यक्ष किरण खातरकर, परासिया अध्यक्ष विनोद मालवीय, जामई अध्यक्ष रमेश सालोडे, हर्रई अध्यक्ष श्रीमती संगीता धर्मेद्र डेहरिया, चौरई अध्यक्ष श्रीमती सरोज राधेश्याम रघुवंशी, वरिष्ठ भाजपा नेता टीकाराम चंद्रवंशी, राजु नरोटे, अलकेश लांबा, गोलु नागरे सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे