नरवाई जलाने पर एफआईआर और 15 हजार रूपए तक जुर्माना
कृषि जगत
16-Mar-26
जिला स्तरीय समिति की बैठक में कलेक्टर ने दिए आदेश
छिंदवाड़ा
जिले में नरवाई जलाने की घटनाओं की रोकथाम और प्रभावी नरवाई प्रबंधन को लेकर आज कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायन ने की। बैठक में नरवाई प्रबंधन के लिए गठित जिला, ब्लॉक एवं ग्राम पंचायत स्तर की समितियों में शामिल विभिन्न विभागों के अधिकारियों और उनके दायित्वों से अवगत कराया गया। साथ ही नरवाई जलाने की घटनाओं पर सख्ती से रोक लगाने के लिए आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने कहा कि नरवाई प्रबंधन में ग्राम पंचायत स्तर पर पटवारी की अध्यक्षता में गठित निगरानी समिति की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। ग्राम पंचायत स्तरीय समिति में कृषि विस्तार अधिकारी को सदस्य सचिव और ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकारी, सहायक पशु चिकित्सक फील्ड अधिकारी, एटीएम आत्मा, पंचायत सचिव/ रोजगार सहायक और ग्राम कोटवार को भी सदस्य बनाए गया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्राम स्तर पर निगरानी को मजबूत बनाया जाए और किसानों को नरवाई न जलाने के प्रति जागरूक किया जाए। उन्होंने कहा कि नरवाई जलाने से पर्यावरण को नुकसान पहुंचता है, साथ ही मिट्टी की उर्वरता भी प्रभावित होती है। इसलिए किसानों को वैकल्पिक उपायों के माध्यम से नरवाई प्रबंधन के लिए प्रेरित किया जाए।
नरवाई जलाने पर नियमानुसार जुर्माना या एफ आई आर
ग्राम स्तरीय समिति के दायित्वों की जानकारी देते हुए बताया गया कि यदि ग्राम पंचायत में नरवाई जलाने की कोई भी घटना होती ही, तो तत्काल समिति द्वारा नियमानुसार जुर्माना या एफ.आई.आर की कार्यवाही की जाए।प्रति दो एकड़ तक के लिए 2500 रुपए जुर्माना, दो से पांच एकड़ तक के लिए 5000 रूपये जुर्माना और पांच एकड़ से अधिक के लिए 15000 रुपए जुर्माना निर्धारित है।