सिम्स और जिला अस्पताल की व्यवस्था सुधारने कलेक्टर ने ली बैठक
छिंदवाड़ा
12-Mar-26
नियमित साफ-सफाई से लेकर सुरक्षा तक के मुद्दों पर की पूछताछ
छिन्दवाडा
सिम्स और जिला चिकित्सालय की व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा के लिए कलेक्ट्रेट कार्यालय के मिनी सभाकक्ष में कलेक्टर हरेन्द्र नारायण ने बैठक की। कलेक्टर ने अस्पताल में ओपीडी और आईपीडी कक्षों में हो रहे पानी के रिसाव के कार्य को इस सप्ताह के अंत तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही पाइपों की नियमित सफाई हाईट्स एवं राज सिक्योरिटीज के कर्मचारियों के माध्यम से सुनिश्चित करने और लापरवाही होने पर संबंधित एजेंसी पर जुर्माना लगाने के निर्देश दिए गए हैं। यह कार्य सहायक अस्पताल प्रबंधक की निगरानी में किया जाएगा। बैठक में सिम्स के अधिष्ठाता, सिविल सर्जन, अधीक्षक, आरएमओ, सहायक प्रबंधक, सिम्स के वित्त अधिकारी, पीआईयू के कार्यपालन यंत्री तथा लोक निर्माण विभाग ई एंड एम के एसडीओ उपस्थित थे।

जिला अस्पताल भवन में लगी लिफ्टों की एएमसी के लिए टेंडर प्रक्रिया को तेज करते हुए 24 मार्च तक तकनीकी मूल्यांकन और 26 मार्च तक वित्तीय बिड की कार्यवाही पूर्ण कर टेंडर प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा भवन में लघु मरम्मत कार्यों के लिए भोपाल स्तर पर बजट मांग पत्र भेजने का भी निर्णय लिया गया।
बैठक में यह भी तय किया गया कि जिला चिकित्सालय भवन के गेट नंबर 2 के पास आकस्मिक चिकित्सा विभाग तक सीमेंट रोड का निर्माण, गायनी विंग के निर्माण के बाद किया जाएगा। जिला चिकित्सालय परिसर में मरीजों और आमजन की सुविधा के लिए सुलभ शौचालयों का निर्माण शीघ्र कराया जाएगा। साथ ही अस्पताल परिसर में पुराने भवनों को डिस्मेंटल करने के लिए इसी सप्ताह नीलामी टेंडर प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए।
अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए परिसर में पुलिस की नियमित गश्त सुनिश्चित की जाएगी। वहीं फायर फाइटिंग सिस्टम के 32 प्वाइंट की चरणबद्ध जांच कर प्रत्येक वार्ड में मॉक ड्रिल कराई जाएगी, जिसकी जानकारी फोटो के माध्यम से साझा की जाएगी।
बैठक में चिकित्सा सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। पोस्टमार्टम के लिए फॉरेंसिक विशेषज्ञ की उपलब्धता सुनिश्चित करने, पैथोलॉजी विभाग के लिए मेडिकल कॉलेज से चिकित्सक उपलब्ध कराने तथा नर्सिंग स्टाफ की उपलब्धता बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर श्री नारायन ने कहा कि जिला चिकित्सालय में आने वाले मरीजों को बेहतर इलाज और सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। बैठक में लिए गए निर्णयों से अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार होगा और मरीजों को अधिक सुगम व बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।